About Us
“खुर्जा घराना संगीत पत्रिका” खुर्जा की समृद्ध शास्त्रीय संगीत परंपरा को समर्पित माई वे एजुकेशनल चैरिटेबल ट्रस्ट का एक प्रतिष्ठित संकाय है। यह एक हॉफ-ईयरली (अर्धवार्षिक) पत्रिका है, जो भारत सरकार से ISSN पंजीकृत होने के कारण अकादमिक एवं शोध की दृष्टि से भी महत्वपूर्ण स्थान रखती है।
यह पत्रिका पूर्ण रूप से हिंदुस्तानी शास्त्रीय संगीत की गायन परंपरा खुर्जा घराना के संरक्षण, संवर्धन और प्रचार-प्रसार को समर्पित है। बदलते समय में जहाँ अनेक घराने अपनी पहचान के लिए संघर्ष कर रहे हैं, वहीं यह पत्रिका खुर्जा घराना को नई पहचान दिलाने और उसकी विशिष्टताओं को जन-जन तक पहुँचाने का एक सार्थक प्रयास है।
पत्रिका में मुख्य रूप से —
1. शोधपरक एवं ज्ञानवर्धक लेख
2. रचनात्मक सामग्री (गीत, बंदिशें, अनुभव, संस्मरण)
3. विद्यार्थियों के लिए परीक्षोपयोगी विषयवस्तु
4. संगीत प्रेमियों एवं साधकों के लिए उपयोगी मार्गदर्शन
प्रस्तुत किए जाते हैं, ताकि संगीत के विद्यार्थियों, शोधकर्ताओं और रसिकों को एक ही मंच पर प्रामाणिक सामग्री उपलब्ध हो सके।
हमारा उद्देश्य केवल जानकारी देना नहीं, बल्कि शास्त्रीय संगीत के प्रति जागरूकता बढ़ाना, नई पीढ़ी को अपनी सांगीतिक विरासत से जोड़ना और खुर्जा घराना की गौरवशाली परंपरा को आगे बढ़ाना है।
जय संगीत।